गोठड़ा में भविष्यवाणी : पंडाजी बोले युद्ध तो बढ़ेगा, सोना-चांदी के चक्कर में ना पड़े, फसलों के भाव अच्छे रहेंगे

गोठड़ा में भविष्यवाणी : पंडाजी बोले युद्ध तो बढ़ेगा, सोना-चांदी के चक्कर में ना पड़े, फसलों के भाव अच्छे रहेंगे

रतलाम. ग्राम गोठड़ा में श्री महिषासुर मर्दिनी माताजी के ईष्ट पंडा नागूलाल चौधरी ने चैत्र नवमी पर मलेनी नदी के तट से भविष्यवाणी की। उन्होंने कहा कि अग्नी व आंधी-तूफान अधिक है। हवा ज्यादा नुकसान करेगी। अभी आधे वैशाख में पानी गिरेगा। खेत हंकाई मुहूर्त तेरस मंगलवार को 2.30 बजे से 7 बजे के बीच का है। जो आतमणा से उगमणा धरऊ में करना। ज्येष्ठ महीने में डूमड़ा होगा। इसमें बोवनी की तो दोबारा बोवनी करनी पड़ सकती है। सही बोवनी तीन है। पहली बैठता आषाढ़ की एकम से दसमीं तक। दूसरी आधा आषाढ़ की एकम से पांचम और तीसरी उतरता आषाढ़ से बैठता सावन के शुरूआती पांच दिन। सावन के पहले 15 दिन खंड वर्षा और आखिर के 15 दिन तेज बारिश होगी। भादवा आधा में पानी गिरेगा। मावठे सात है। अगहन, पौष, माघ में ओले भी संभव है। तीन दा पड़ेंगे। आधा माघ, उतरता माघ व बैठता फाल्गुन में दा गिरेगा। हालांकि इसका ज्यादा असर नहीं होगा और सभी फसलें अच्छी होगी। गेहूं, सोयाबीन व लहसुन के भाव अच्छे रहेंगे। सोना-चांदी में ज्यादा उतार चढ़ाव है, इसलिए खरीदी से बचकर रहें। काली पर भार है, हालांकि काली वस्तुओं का भाव भी अच्छा है। माघ व पौष में भूकंप आएंगे।। कुवार, कार्तिक और वैशाख से आषाढ़ तक बीमारी से मौते होगी। बचाव के लिए महावीर का हवन-पूजन करें। कलयुग है और असर दिखाएगा। रिश्तों में दरार का यही कारण है। आने वाले समय में जाति-भेद खत्म होंगे और अंतरजातीय विवाह भी बढ़ेंगे। राजनीतिक धमालें ज्यादा है। एक बम जोरदार आएगा। जिससे सरकार भी परेशान हो जाएगी। (हालांकि ये राजनीतिक बम है अथवा युद्ध का, इसे लेकर कुछ स्पष्ट नहीं हुआ) युद्ध तो और बढ़ेगा।  भविष्यवाणी दोपहर 2 बजे हुई। उसके पहले गांव में स्थित श्री महिषासुर मर्दिनी माता मंदिर में हवन और महाआरती की गई। फिर ज्वारा विसर्जन चल समारोह निकला। उसके बाद नदी तट पर भविष्यवाणी की गई।

श्री महिषासुर मर्दिनी माता।

भविष्यवाणी सुनने के लिए पहुंचे श्रद्धालु।